पानी की कमी से आपके बच्चे का जन्म समय से पूर्व हो सकता है, प्रेगनेंसी में इस समस्या से कैसे बचें?

Dehydration during pregnancy

प्रेगनेंसी में पानी की कमी एक ऐसी चीज़ है जिसके बारे में आपको निश्चित रूप से सोचना चाहिए। ऐसा तब होता है जब आपका शरीर पानी लेने से तेज़ गवाता है। प्रेगनेंसी में आपको नॉर्मल दिनों से ज़्यादा ही पानी लेना चाहिए क्योंकि पानी की कमी से आपको ज़्यादा गंभीर समस्या हो सकती है। पानी से ही आपकी गर्भनाल विकसित होती है, और गर्भनाल से ही आपके बच्चे को सारे पोषण पदार्थ मिलते हैं। इससे एम्निओटिक थैली भी बनती है, ये थैली प्रेगनेंसी की अंतिम अवस्था में बनती है।

पानी कमी के संकेत

सबसे आम संकेत होता है आपका गरम होना। यदि आप सही प्रकार से पानी ले रही हैं तो इससे आपका शरीर गर्मी को सहने में सफल हो जाएगा, लेकिन अगर ऐसा नहीं हुआ तो आपका शरीर गरम हो जाएगा। यदि आपमें पानी की कमी नहीं है तो आपका पेशाब एक दम साफ आएगा, अगर आपका पेशाब गाढ़ा है, या ये पीले रंग का है, तो ये पानी की कमी के संकेत हो सकते हैं।

प्रेगनेंसी में आपको शायद प्यास ज़्यादा ही लग सकती हैं, लेकिन आपको इसकी अनदेखी नहीं करनी है। आपको इस समय काफी ज़्यादा ही प्यास लग सकती है। हालांकि आपको इस समय सारा पानी एक साथ नहीं पीना, इसकी जगह थोड़ा-थोड़ा पानी लें।

चक्कर आने और सर भारी होना भी पानी के कमी के लक्षण हैं। ये वहाँ होता है जहां आप झुक रहे हैं, खड़े हो रहे हैं या हिल रहे हैं। इस समय आपके ब्लड प्रैशर में एक दम से कमी आती है।

त्वचा और नाक का सूखना भी इसके संकेत हैं। जीभ का सूजना और होंट का फंटना भी इसके संकेत हैं।

हालांकि यदि ये समस्या गंभीर हो जाए तो निम्न समस्या हो सकती हैं:

पिलपिलापन

कमजोरी

ध्यान में कमी लगाना

मल में खून निकलना

यूटीआई

पानी की कमी से बच्चे और माँ दोनों पर अलग-अलग असर होते हैं

पानी की कमी से माँ को जी मिचलने की समस्या होती है और इससे आपको फिर पानी पीने का मन नहीं करता है, इसलिए अगर प्रेगनेंसी में आप सही प्रकार से पानी नहीं ले रही हैं तो आपको पानी की कमी दूर करने के लिए आईवी फ्लूड द्रव के लिए उपचार दिया जा सकता है।

अगर आपके शरीर में द्रव की कमी है इसका मतलब है की आपके शरीर में एम्निओटिक द्रव की सप्लाई भी कम होगी, इसमें भ्रूण फिर तैरने की जगह गर्भाशय में बैठ जाता है।

दूसरी और तीसरी तिमाही में पानी की कमी से आपके बच्चे का जन्म समय से पूर्व हो सकता है।

इससे कैसे बचें?

आपको बस इस बात का ध्यान रखना है की आपके शरीर में पानी या कोई भी द्रव जाता रहे। काफी पानी लें, कम से कम 8-10 गिलास प्रतिदिन, क्योंकि इससे ही आप पानी की कमी से बच पाएँगी। कैफीन वाले उत्पाद ना लें, इससे आपमें पानी की कमी हो सकती है।

गरम माहौल में काफी देर तक ना रहें। इस समय नियमित रूप से एक्सर्साइज़ करने से आपमें पानी की कमी होगी, इसके चान्स कम हैं।