Posture

प्रेगनेंसी में आपके शरीर का पोश्चर यानी मुद्रा बिलकुल सही होनी चाहिए। इसके अंदर इस तरीके से बैठना, चलना और खड़ा होना आता है जिसमें आपके शरीर पर कम से कम तनाव पड़े।

प्रेगनेंसी में खड़े होने का सही तरीका क्या है?

  • अपने सर को सीधा रखें। इसे आगे, पीछे, या दाएँ-बाएँ ना रखें
  • अपने कानों को कंधों की लाइन में सीधा रखें
  • कंधे की हड्डी पीछे और छाती बाहर रखें
  • अपने सर के ऊपरी हिस्से को छत की तरफ खींचें
  • अपने पेट को ऊपर और अंदर की तरफ रखें, जितना आपके बस में हो। अपनी श्रोणि को झुकाएँ नहीं।
  • दोनों पाँव पर अपने वज़न को बराबर से बाटें। पैर के सपोर्ट के लिए कम हील वाली पर बिलकुल फ्लैट जूते ना पहनें। इससे आपकी पीठ पर दबाव नहीं पड़ता।
  • एक ही स्थिति में काफी देर तक खड़े रहने से बचें। अपनी मुद्रा और अवस्था हमेशा बदलती रहें।

नीचे बैठने का सही तरीका क्या है?

पीठ के सपोर्ट के साथ

  • सीधी पीठ के साथ बैठें। ऐसा करने का सिम्पल तरीका है, जब आपके कूल्हे का पीछे का हिस्सा कुर्सी को छूएगा तो समझिए की आप सही से बैठी हैं।
  • बैक सपोर्ट का इस्तेमाल करें। आप कुशन, तकिया, मुड़े हुए तौलिए और किसी सॉफ्ट कपड़े का इस्तेमाल कर सकती हैं।

बिना पीठ एक सपोर्ट के

  • कुर्सी के अंत पर आराम से बैठें(आराम से अपने आप को आगे करें)
  • धीरे से अपने आप को ऊपर की ओर करें। और अपनी पीठ को जितना हो सके उतना दूर करें। इस मुद्रा में थोड़ी देर के लिए रहें
  • अपने शरीर को काफी आराम से छोड़ दें(10 डिग्री तक)। यह बैठने की अच्छी मुद्रा है।
  • इस बात का ध्यान रखें की आपका वज़न दोनों कूल्हों पर बराबर हो
  • इस बात को सुनिश्चित करें की आपके दोनों पाँव ज़मीन को टच कर रहे हों। पाँव को मोड़े नहीं।
  • एक ही मुद्रा में आधे घंटे से ज़्यादा ना बैठें। अगर आपको पीठ में कोई दर्द है तो 10-15 मिनट से ज़्यादा ना बैठें।
  • काम के स्थान पर अपनी कुर्सी को एक अच्छी ऊंचाई पर करके डेस्क के पास करलें, जिससे आप आराम से बैठ पाएँ। अपनी कोहनी और हाथों को डेस्क पर रखें, इस समय आपको कंधे बिलकुल रिलेक्स होने चाहिए।
  • जब आपको खड़ा उठना हो तो इस बात खयाल रखें की आप अपने कूल्हों को चेयर के सिरे तक ले जाएँ। आराम से खड़ा उठें, फिर पाँव सीधे करें। आगे झुकें नहीं। अपनी पीठ के लिए कुछ स्ट्रेचिंग एक्सर्साइज़ कीजिए।