मुंह में खट्टा या कभी-कभी धातु जैसा लगता है? गर्भावस्था के दौरान चीज़ों का स्वाद क्यों बदला हुआ लगता है

taste change during pregnancy

प्रेगनेंसी में खाने-पीने की चीज़ों का टेस्ट बदल सकता है। प्रेगनेंसी के दौरान स्वाद बदलना, पहली तिमाही में यह आम लक्षण है। मेडिकल भाषा में डिस्जेसिया की वजह से आपके मुंह का स्वाद बदलता है। कुछ माँ बनने जा रही महिलाओं को लगता है जैसे वो सिक्के चबा रही हों, या वो धातु के गिलास से पी रही हों।

कई महिलाओं ने प्रेगनेंसी के दौरान मुंह में बदले इस स्वाद को महसूस किया है। चिंता मत कीजिए! यह बिलकुल नॉर्मल है। जैसे कभी-कभी आपको सूंघने में समस्या होती है, यह भी उसकी तरह ही है- बच्चा होने के बाद टेस्ट बड्स(स्वाद कलिकाएँ) नॉर्मल हो जाएंगी। लेकिन ऐसा होता ही क्यों है?

प्रेगनेंसी के दौरान आपके मुंह का स्वाद क्यों बदलता है?

इसकी वजह है आपके शरीर का आपके और आपके बच्चे के लिए अधिक गहनता से काम करना। आपके शरीर में खून 50% तक गाढ़ा हो जाता है। इसलिए जो भी चीज़ आपके खून से दिमाग में जाती है वो पहले से ज़्यादा मात्रा और तेज़ गति से पहुँचती है। इससे आपकी प्रतिक्रिया करने की क्षमता बढ़ती है, और इसलिए आप स्वाद के प्रति काफी मजबूती से प्रतिक्रिया देते हैं।

अगर आपने कुछ ही दिनों पहले शराब या धूम्रपान करना छोड़ा है तो उसकी वजह से भी चीज़ें अलग टेस्ट हो सकती हैं।

भारी धातु का स्वाद

कुछ भी खाने के बाद धातु या तांबे जैसा स्वाद लगना भी प्रेगनेंसी के कुछ और साइड इफेक्ट हैं।

ऐसा तब कई बार होता है जब आप केफिनयुक्त पेय-पदार्थ जैसे कॉफी, चाय या किसी गैस वाली चीज़ का सेवन करते हैं- इन सब चीज़ों को प्रेगनेंसी के दौरान नहीं लेने की सलाह दी जाती है। डॉक्टर के अनुसार आपको जब धातु जैसा टेस्ट लगता है उस समय आपका शरीर आपको चेतावनी देता है की आपको उस ऐसे पेय-पदार्थ को नहीं पीना चाहिए।

इस स्थिति में क्या करने से मदद मिलेगी?

जिन व्यंजन का आपको अब खाने का मन नहीं करता उसके अलावा जिसे खाने के लिए आपका जी मिचलता है उससे भी दूर रहें। कई गर्भवती महिलाओं के लिए सेब को खाने से पहले उसे काटकर, फिर उसे पीसकर उसे हवा में एक घंटा छोड़ने से मदद मिलती है। यह जिस प्रकार ऑक्सीडाइज़ होता है शायद उससे ही मदद मिलती है।

याद रखें की अगर आप काफी बीमार महसूस कर रही हैं, तो उस समय अपने डॉक्टर से बात करें, और यह सुनिश्चित करें की यह पेट की समस्या या प्रेगनेंसी से जुड़ी और कोई परेशानी ना हो।